Bhilali (भगवानेन छाचला बुल)
अतरे ए तीमुथी, मे जी वात कहीन पेहली अगवाय करो, जत्यार बी ईसुक मान्या, भगवानेन भक्ती करने करीन भेळा हया, तीने टेमे आपसान करता अतरात नी, बाकुन आखा माणसेन करता भगवान धड़े रवण्या, वीन्ती ने दुवा करनु चाहजे, ने आखान करता भगवान काजे बेसकु वारु कहणु चाहजे।