Bhilali (भगवानेन छाचला बुल)
अळतेन देखु, ईनी वात सी की तुहुं भगवानेन भक्तीन आफोत हया; तुंद्रे मां कतरो खुसीन, जपाप, ए रीस, बीहणु, ने लालच, ने धुन ने डंड आपणेन वीच्यार पयदा हवे? तुहुं आखी भाती सी ज चुखो करीन देखाड़्या, की तुहुं हीनी वात मां नी-गुना वाळा छे।