Joshua 22:5 — Compare Translations
7 translations compared side by side
Hindi (Roman Script)
keval is bat kee pooree chaukasee karana ki jo jo agyaa aur vyavastha yahova ke das moosa ne tum ko dee haai usako manakar apane parameshvar yahova se praem rakho, usake sare margon par chalo, usakee agyaaaen mano, usakee bhnaktai me lauleen raho, aur apane sare man aur sare praan se usakee seva karo.
Hindi Bible (ERV) (पवित्र बाइबल)
किन्तु याद रखो कि जो व्यवस्था मूसा ने तुम्हें दिया है, उसका पालन होता रहे। तुम्हें अपने परमेश्वर यहोवा से प्रेम करना और उसके आदेशों का पालन करना है। तुम्हें उसका अनुसरण करते रहना चाहिए, और पूरी आस्था के साथ उसकी सेवा करो।”
Hindi Bible CLBSI 2015 (पवित्र बाइबिल CL Bible (BSI))
प्रभु के सेवक मूसा ने तुम्हें आज्ञाएं और व्यवस्था दी हैं। तुम उनका पालन करना, और उनके अनुसार कार्य करना। अपने प्रभु परमेश्वर से प्रेम करना। उसके मार्ग पर चलना। उसकी आज्ञाओं का पालन करना। उससे सदा सम्बद्ध रहना। अपने सम्पूर्ण हृदय से और अपने सम्पूर्ण प्राण से उसकी सेवा करना।’
Hindi Bible HHBD
केवल इस बात की पूरी चौकसी करना कि जो जो आज्ञा और व्यवस्था यहोवा के दास मूसा ने तुम को दी है उसको मानकर अपने परमेश्वर यहोवा से प्रेम रखो, उसके सारे मार्गों पर चलो, उसकी आज्ञाएं मानों, उसकी भंक्ति मे लौलीन रहो, और अपने सारे मन और सारे प्राण से उसकी सेवा करो।
Hindi HINOVBSI (पवित्र बाइबिल OV (Re-edited) Bible (BSI))
केवल इस बात की पूरी चौकसी करना कि जो जो आज्ञा और व्यवस्था यहोवा के दास मूसा ने तुम को दी है उसको मानकर अपने परमेश्वर यहोवा से प्रेम रखो, उसके सारे मार्गों पर चलो, उसकी आज्ञाएँ मानो, उसकी भक्ति में लवलीन रहो, और अपने सारे मन और सारे प्राण से उसकी सेवा करो।”
Hindi HSS 2019 (सरल हिन्दी बाइबल)
तुम मोशेह द्वारा दिये आदेशों व नियमों को सावधानी से मानते रहना, और याहवेह अपने परमेश्वर से प्रेम करना, उनकी विधियों को मानना, उनके प्रति एक मन होकर रहना, तथा उनकी सेवा पूरे हृदय से करते रहना.”
Hindi IRVHIN (इंडियन रिवाइज्ड वर्जन (IRV) हिंदी - 2019)
केवल इस बात की पूरी चौकसी करना कि जो-जो आज्ञा और व्यवस्था यहोवा के दास मूसा ने तुम को दी है उसको मानकर अपने परमेश्वर यहोवा से प्रेम रखो, उसके सारे मार्गों पर चलो, उसकी आज्ञाएँ मानो, उसकी भक्ति में लौलीन रहो, और अपने सारे मन और सारे प्राण से उसकी सेवा करो।”