Mark 11:13 — Compare Translations

10 translations compared side by side

Hindi (Roman Script)
aur vah door se anjeer ka aek hara ped dekhkar nikatt gaya, ki kya jane us men kuchh paae: par paton ko chhod kuchh n paya kyonki fal ka samay n tha.
Hindi 2017 (नया नियम)
और वह दूर से अंजीर का एक हरा पेड़ देखकर निकट गया, कि क्या जानेउसमें कुछ पाए: पर पत्तों को छोड़ कुछ न पाया; क्‍योंकि फल का समय न था।
Hindi Bible (ERV) (पवित्र बाइबल)
थोड़ी दूर पर उसे अंजीर का एक हरा भरा पेड़ दिखाई दिया। यह देखने के लिये वह पेड़ के पास पहुँचा कि कहीं उसे उसी पर कुछ मिल जाये। किन्तु जब वह वहाँ पहुँचा तो उसे पत्तों के सिवाय कुछ न मिला क्योंकि अंजीरों की ऋतु नहीं थी।
Hindi Bible CLBSI 2015 (पवित्र बाइबिल CL Bible (BSI))
वह कुछ दूरी पर पत्तेदार अंजीर का एक पेड़ देख कर उसके पास गये कि शायद उस पर कुछ फल मिलें; किन्‍तु पेड़ के पास आने पर उन्‍होंने उसमें पत्तों के अतिरिक्‍त और कुछ नहीं पाया, क्‍योंकि वह अंजीर का मौसम नहीं था।
Hindi Bible HHBD
और वह दूर से अंजीर का एक हरा पेड़ देखकर निकट गया, कि क्या जाने उस में कुछ पाए: पर पत्तों को छोड़ कुछ न पाया; क्योंकि फल का समय न था।
Hindi Fiji (Nawa Haup)
Duur pe u ek anjeer ke hariyar peṛ dekh ke uske nagichche aais, i soch ke ki huañ uske kuchh khaay ke mili. Lekin jab u nagichche aais, to patti ke chhoṛ ke u kuchh nai paais, kaahe ke anjeer ke fare ke ṭaaim nai raha.
Hindi HINOVBSI (पवित्र बाइबिल OV (Re-edited) Bible (BSI))
वह दूर से अंजीर का एक हरा पेड़ देखकर निकट गया कि क्या जाने उसमें कुछ पाए: पर पत्तों को छोड़ कुछ न पाया; क्योंकि फल का समय न था।
Hindi HSB 2023 (नवीन हिंदी बाइबल)
वह पत्तियों से भरे अंजीर के पेड़ को दूर से देखकर उसके पास गया कि कहीं उस पर कुछ मिल जाए। जब वह उसके पास पहुँचा तो उसे पत्तियों को छोड़ और कुछ न मिला; क्योंकि यह अंजीर के फल का समय नहीं था।
Hindi HSS 2019 (सरल हिन्दी बाइबल)
दूर ही से उन्हें अंजीर का एक हरा-भरा पेड़ दिखाई दिया. वह उस पेड़ के पास आए कि कदाचित उन्हें उसमें कुछ मिल जाए किंतु वहां उन्हें पत्तियों के अतिरिक्त कुछ भी न मिला क्योंकि उसमें फल लगने का समय अभी नहीं आया था.
Hindi IRVHIN (इंडियन रिवाइज्ड वर्जन (IRV) हिंदी - 2019)
और वह दूर से अंजीर का एक हरा पेड़ देखकर निकट गया, कि क्या जाने उसमें कुछ पाए: पर पत्तों को छोड़ कुछ न पाया; क्योंकि फल का समय न था।