Chhattisgarhi
एक दिन, मेंह महेतबेल के पोता, दलायाह के बेटा समायाह के घर गेंव, ओह अपन घर म बंद रिहिस। ओह कहिस, “आ, हमन परमेसर के भवन, मंदिर के भीतर म भेंट करन, अऊ हमन मंदिर के कपाटमन ला बंद कर देवन, काबरकि आदमीमन तोर हतिया करे बर आवत हें—रथिया ओमन तोला मार डारे बर आवत हें।”