bible
ra
🌐 Language
English
Español
Français
Deutsch
Português
Italiano
Nederlands
Русский
中文
日本語
한국어
العربية
Türkçe
Tiếng Việt
ไทย
Indonesia
All Languages
Home
/
Haryanvi
/
Haryanvi Bible (हरियाणवी)
/
1 Thessalonians 5
1 Thessalonians 5
Haryanvi Bible (हरियाणवी)
← Chapter 4
Jump to:
Chapter 1
Chapter 2
Chapter 3
Chapter 4
Chapter 5
1
पर हे बिश्वासी भाईयो, इसकी कोए जरूरत कोनी, के हम यीशु के दोबारा आण के बखत अर काल्लां कै बारै म्ह थारे धोरै कुछ लिखां।
2
क्यूँके थम जाणो सों, के परमेसवर के आण का दिन, उस चोर की तरियां होगा, जो रात नै चोरी करण आवै सै, अर थमनै बेरा भी कोनी लाग्गैगा के चोर कद आवैगा।
3
जिब माणस कहन्दे होंगे, “राज्जी-खुशी सां, अर किमे डर कोनी,” तो उनपै चाणचक विनाश आण पड़ैगा, जिस ढाळ गर्भवती बच्चा जनन के दुख तै बच न्ही सकदी, उस्से तरियां वो भी बच न्ही पावैंगें।
4
पर हे बिश्वासी भाईयो, थम तो अन्धकार के काम्मां तै अनजाण न्ही सो, के प्रभु के आण का दिन थारे पै चोर की ढाळ आ पड़ै।
5
क्यूँके थम सारे चाँदणे की ऊलाद अर दिन की ऊलाद सो; हम ना रात के सां, ना अन्धकार के सां।
6
ज्यांतै हम अबिश्वासी माणसां की तरियां सोन्दे ना रहवां, पर जागदे अर चौकन्ने रहवां।
7
क्यूँके जो सोवैं सै, वे रात ए नै सोवैं सै, अर जो मतवाले होवै सै वे रात ए नै मतवाले होवै सै।
8
पर हम जो दिन के सां, बिश्वास अर प्यार की झिलम पैहर कै अर उद्धार की आस का टोप पैहर कै होशियार रहवां।
9
क्यूँके परमेसवर नै म्हारै ताहीं छो कै खात्तर न्ही, पर ज्यांतै ठहराया सै, के हम अपणे प्रभु यीशु मसीह कै जरिये उद्धार पावां।
10
वो म्हारै खात्तर इस कारण मरया, के हम चाहे जिन्दा हों, चाहे मर लिये हों, सारे मिलकै उस्से कै गेल्या जिवां।
11
इस कारण एक-दुसरे ताहीं तसल्ली द्यो अर एक-दुसरे ताहीं बिश्वास म्ह मजबूत करो, जिसा के थम करो भी सो।
12
हे बिश्वासी भाईयो, हम थारे तै बिनती करा सां, के जो थारे म्ह मेहनत करै सै, अर प्रभु म्ह थारे अगुवें सै, अर थमनै शिक्षा देवैं सै, उनका आदर करो।
13
अर उनकै काम्मां कै कारण प्यार कै गेल्या उन ताहीं घणाए आदर कै जोग्गा समझो। आप्पस म्ह मेळ-मिलाप तै रहो।
14
हे बिश्वासी भाईयो, हम थारे तै बिनती करां सां के जो आलसी सै, उन ताहीं समझाओ, डरपोकां ताहीं हिम्मत द्यो, कमजोरां ताहीं सम्भाळो, सारया की ओड़ सहनशीलता दिखाओ।
15
सावधान रहों! कोए किसे तै बुराई कै बदले बुराई ना करै; पर सारी हाण भलाई करण खात्तर त्यार रहवै, आप्पस म्ह एक-दुसरे खात्तर आच्छे काम करो, अर दुसरयां खात्तर भी।
16
सारी हाण राज्जी रहो।
17
लगातार प्रार्थना म्ह लाग्गे रहो।
18
हरेक हालात म्ह धन्यवाद करो; क्यूँके थारे खात्तर मसीह यीशु म्ह परमेसवर की याए मर्जी सै।
19
पवित्र आत्मा ताहीं माणसां के जीवन म्ह काम करण तै ना रोक्को।
20
परमेसवर के जरिये जो भविष्यवाणीयाँ माणसां ताहीं बताई गई सै उननै तुच्छ ना जाणो।
21
इन सारी बात्तां ताहीं परखो; जो आच्छी सै उसनै थाम्बे राक्खो।
22
सारी ढाळ की बुराई तै बचे रहो।
23
शान्ति देण आळा परमेसवर आप ए थमनै पूरी तरियां तै पवित्र करै; अर थारी आत्मा अर प्राण अर देह म्हारै प्रभु यीशु मसीह कै बोहड़ण ताहीं पूरे-पूरे अर बेकसूर सुरक्षित रहवैं।
24
थारा बुलाण आळा साच्चा सै, अर वो इसाए करैगा।
25
हे बिश्वासी भाईयो, म्हारै खात्तर प्रार्थना करो।
26
आप्पस म्ह एक-दुसरे ताहीं गळे मिलकै मसीह के प्यार म्ह नमस्कार करो।
27
मै थारे ताहीं प्रभु की हुकम देऊँ सूं के या चिट्ठी सारे बिश्वासी भाईयाँ नै पढ़कै सुणाई जावै।
28
म्हारे प्रभु यीशु मसीह का अनुग्रह थारे पै होंदा रहवै।
← Chapter 4
Jump to:
Chapter 1
Chapter 2
Chapter 3
Chapter 4
Chapter 5
All chapters:
1
2
3
4
5