bible
ra
🌐 Language
English
Español
Français
Deutsch
Português
Italiano
Nederlands
Русский
中文
日本語
한국어
العربية
Türkçe
Tiếng Việt
ไทย
Indonesia
All Languages
Home
/
Garhwali
/
Garhwali GBM (Garhwali)
/
Acts 7
Acts 7
Garhwali GBM (Garhwali)
← Chapter 6
Jump to:
Chapter 1
Chapter 2
Chapter 3
Chapter 4
Chapter 5
Chapter 6
Chapter 7
Chapter 8
Chapter 9
Chapter 10
Chapter 11
Chapter 12
Chapter 13
Chapter 14
Chapter 15
Chapter 16
Chapter 17
Chapter 18
Chapter 19
Chapter 20
Chapter 21
Chapter 22
Chapter 23
Chapter 24
Chapter 25
Chapter 26
Chapter 27
Chapter 28
Chapter 8 →
1
तब महा पुरोहित न स्तिफनुस बटि पूछी, “तेरा बारा मा बुलिं यू सब बात सच्च छिन क्या?”
2
अर स्तिफनुस न जबाब दिनी, “हे मेरा भैयों अर दाना-स्यांणा लोगु, मेरी बातों तैं ध्यान से सुणा, जब हमरु पितर अब्राहम हारान नगर मा रौणु कू गै छौ, वेसे पैलि उ मेसोपोटामिया का मुलक मा छौ। अर उख हमरा महान परमेस्वर न वेतैं अपणु दरसन दिनी।
3
अर वेकू बोलि कि, “‘अब्राहम तू अपणा रिश्तेदारों अर अपणा देस तैं छोड़ि के वे देस मा चलि जा, जु मि त्वेतै दिखौलु।’
4
“तब अब्राहम अपणा पिता का दगड़ा मा कसदियों का मुलक बटि निकळि के हारान नगर मा रौण लगि गै, अर वेका बुबा की मौत का बाद परमेस्वर न वेतैं उख बटि निकळणे की आज्ञा दिनी। अर उ उख बटि निकळि के ये देस मा रौणु कू ऐ गै जख अब तुम रौणा छाँ।
5
मगर परमेस्वर न वेतैं ये मुलक मा कुछ भि हिस्सा नि दिनी, इख तक कि थुड़ी सि जमीन भि ना। पर परमेस्वर न वे बटि करार कैरी, कि मि यू देस त्वेतै अर तेरी औण वळी पीढ़ी का लोगु तैं दे द्यूलु, अर वे बगत वेकी कुई भि आस-औलाद नि छै।
6
अर परमेस्वर न वेकू बोलि कि, ‘तेरु वंश कै दुसरा देस मा परदेसी ह्वेके रालु, अर वे देस का लोग तेरा वंश का लोगु तैं चार सौ साल तक गुलाम बणै के रखला, अर ऊंतैं भौत सताला।’
7
पर परमेस्वर न इन भि बोलि छौ कि, ‘जु लोग ऊंतैं गुलाम बणाला, ऊंतैं मि दण्ड द्यूलु वु लोग वे देस बटि निकळि के ऐ जाला अर ईं जगा मा ऐके मेरी सेवा करला।’
8
अर परमेस्वर न अब्राहम का दगड़ा मा समझौता कैरी अर खतना करण वेकू एक चिन्न छौ। इलै जब इसहाक को जनम ह्वे, त अब्राहम न आठवां दिन मा इसहाक को खतना करवै। अर फिर इसहाक को नौनु याकूब ह्वे अर याकूब का बारह बच्चा ह्वेनि, अर ऊंन भि इन्नि करवै। अर यों बच्चों का द्वारा ही बारह गोत्र ह्वेनि, अर ऊ सब हमरा पितर छा अर ऊं मदि यूसुफ एक छौ।
9
“अर हमरा पितर यूसुफ का ग्यारा भै वे बटि खिरस्योन्दा छा, इलै ऊंन वेतैं मिस्र देस का लोगु तैं गुलाम होणु खुणि बेचि दिनी। मगर परमेस्वर वेका दगड़ा मा छौ,
10
अर वेन पितर यूसुफ तैं वेकी सब मुसीबतों से बचै। अर परमेस्वर न मिस्र का राजा फिरौन की नजर मा यूसुफ तैं होसियार ठैरै, अर राजा तैं यूसुफ की अकल की बात पसन्द ऐनी। तब राजा फिरौन न वेतैं अपणा पूरा रजवाड़ा को मुखिया अर मिस्र देस को अधिकारी ठैरै दिनी।
11
“अर जौं दिनों मा मिस्र अर कनान का पूरा देसों मा अकाळ पोड़ि गै अर सब पर बड़ी विपदा ऐ गै, अर हमरा पितरों तैं खाणु नि मिली।
12
अर जब याकूब न यू सुणी की मिस्र मा अनाज च, त वेन अपणा नौनो तैं उख भेजि अर इन कैरिके हमरा पितर पैलि बार मिस्र देस मा गैनी।
13
अर कुछ दिनों का बाद जब ऊ दुबरा मिस्र मा गैनी, त यूसुफ न अपणा बारा मा सब कुछ अपणा भैयों तैं बतै दिनी। तब यूसुफ का परिवार का बारा मा फिरौन तैं भि पता चलि गै।
14
तब यूसुफ न अपणा बुबा याकूब तैं अर अपणा पूरा कुटुम्ब तैं मिस्र देस मा कैतैं भेजि के अपणा इख बुलै दिनी, अर ऊ लोग की गिनती पिचत्तर छै।
15
तब याकूब मिस्र देस मा रौण लगि गै अर वे ही देस मा मोरि गै, अर हमरा और पितर भि उखि मुरिनी।
16
अर हमरा पितरों की लांशों तैं मिस्र बटि कनान देस का शकेम नगर मा लेके ऐनी, अर हमरा पितरों तैं इख दफनये गै। अर या कबर हमरा पितर अब्राहम न हमोर का नौनो बटि चांदी का सिक्का देके खरीदी छै।
17
“अर जु करार परमेस्वर न अब्राहम का दगड़ा मा कैरी छौ, जब वेको पूरु होण को बगत नजदीक औण लगि गै, तब तक मिस्र देस मा हमरा पितरों की संख्या भौत जादा ह्वे गै छै।
18
अर भौत सालों बाद मिस्र देस मा एक-दुसरो राजा बणि, जु कि यूसुफ तैं जणदु नि छौ।
19
अर ये नया राजा न हमरा पितरों का दगड़ा मा बिस्वासघात कैरी अर ऊंका दगड़ा मा भौत गळत ब्यौहार कैरी, वेन ऊंतैं इथगा मजबूर कैरी कि ऊंन अपणा नवजात बच्चों तैं मुरणु खुणि भैर छोड़ दिनी ताकि वु मोरि जा।
20
“अर जब यू सब होणु छौ, त ऊं दिनों मा ही परमेस्वर का रैबर्या मूसा को जनम ह्वे। अर मूसा परमेस्वर की नजर मा सुन्दर छौ, अर तीन मैना तक वेका घौर वळो न वेकी देखभाल कैरी।
21
पर जब वेका घौर वळो न वेतैं छोड़ दिनी, त फिरौन राजा की नौनि तैं उ मिली अर वींन वेतैं उठे अर अपणु नौनु समझि के वेको पालन-पोसण कैरी।
22
अर मूसा तैं मिस्र देस की हरेक विद्या को ज्ञान दिये गै, अर वु बुलण मा अर हरेक करम तैं करण मा भि जबरदस्त छौ।
23
अर जब मूसा चालीस साल को ह्वे, त वेका मन मा यू विचार ऐ कि मि अपणा इस्राएली भै-बन्दों बटि मिली के औन्दु।
24
“एक दिन मूसा न देखि, कि एक मिस्री मनखि एक इस्राएली भै का दगड़ा मा बुरु ब्यौहार कनु च, त वेन वेतैं बचै अर वे मिस्री तैं जान से मारी दिनी, अर इन के वेन वे इस्राएली भै का दगड़ा मा होयां जुलम को बदला लेई।
25
अर मूसा न सोची, कि वेकी जाति का लोग समझि जाला कि परमेस्वर वेका द्वारा इस्राएली लोगु तैं मिस्री लोगु का हाथों से आजाद करौण चान्दु, मगर वु लोग नि समझिनी।
26
“अर कैं हैंका दिन मूसा न देखि कि दुई इस्राएली लोग आपस मा झगड़ा कना छिन, त उ ऊंका पास गै। अर ऊं लोगु का बीच मा मेल-जोल करण की कोसिस कैरी अर बोलि, ‘तुम त भै-भै छाँ त अपणा आपस मा झगड़ा किलै कना छाँ?’
27
पर जु मनखि दुसरा का दगड़ा मा मार करणु कू जाणु छौ वेन मूसा तैं धक्का देके बोलि, ‘त्वेतै कैन हमरु अधिकारी अर न्याय करण वळु बणै?
28
जन तिन ब्याळि वे मिस्री तैं मार दिनी, क्या तू उन्नि मितैं भि मरण चाणि छैई?’
29
अर या बात सुणी के मूसा मिस्र देस बटि गौळ ह्वे गै, अर मिधान देस मा परदेसीयों की तरौं रौण लगि गै। अर उख वेका दुई नौना ह्वेनि।
30
“अर जब मूसा तैं मिधान देस मा चालीस साल ह्वे गैनी, त एक दिन सीनै पाड़ की एक निर्जन जगा पर एक स्वर्गदूत न मूसा तैं जगदी झाड़ि की लपटो मा दरसन दिनी।
31
अर यू सब देखि के वु ताजुब करण लगि गै अर करीब से दिखणु खुणि वेका और नजदीक गै, कि तबरि प्रभु की आवाज ऐ,
32
‘मूसा, मि तुमरा पितर अब्राहम को परमेस्वर, इसहाक को परमेस्वर, अर याकूब को परमेस्वर छौं।’ तब मूसा परमेस्वर की डौऽर से कौंपण लगि गै, अर वेकी हिम्मत नि ह्वे कि वु वेतैं देखि सैको।
33
अर प्रभु न वेकू बोलि, ‘या जगा पवित्र जगा च जख तू खड़ु होईं छैई, इलै अपणा जुतों तैं उतारि दे।
34
अर आज मि इख अपणा लोगु तैं छुड़ाणु खुणि उतरयुं छौं, किलैकि मिन मिस्र मा अपणा लोगु तैं कुदसा मा पोड़्यूं देखि, अर ऊंको कणाट भि मिन सुण्यालि। इलै अब चल मि त्वेतै मिस्र भेजणु छौ।’
35
“अर यू उई मूसा च जैतैं इस्राएली लोगु न इन बोलि के नकारी छौ कि, ‘त्वेतै कैन हमरु अधिकारी अर न्याय करण वळु बणै?’ मगर परमेस्वर न वे ही मूसा तैं इस्राएली लोगु को अधिकारी अर छुड़ौण वळु ठैरै, अर जगदी झाड़ि मा वे स्वर्गदूत का द्वारा बात कैरिके मूसा तैं मिस्र देस मा भेजि दिनी।
36
अर यू उई मूसा च जैन हमरा पितरों तैं मिस्र देस बटि भैर निकाळि। अर मूसा न चालीस साल तक मिस्र देस मा, लाल समुन्दर, अर निर्जन जगों मा चिन्न अर चमत्कारिक काम कैरिके दिखै छा।
37
अर यू उई च जैन इस्राएल का लोगु कू बोलि छौ कि, ‘परमेस्वर तुम लोगु का बीच मा बटि मि जन एक रैबर्या तैं चुणी के तुम खुणि खड़ु करलु।’
38
अर यू उई मूसा छौ जु की निर्जन जगा मा इस्राएली लोगु का दगड़ा मा छौ, अर जैन बिचलु को काम कैरी छौ। अर सीनै पाड़ पर उ वे स्वर्गदूत का दगड़ा मा छौ जैन वेका दगड़ा मा बात कैरी छै, अर उ हमरा पितरों का दगड़ा मा छौ। अर वेन ही यू वचन हमतै देणु खुणि ज्यून्दा पिता परमेस्वर बटि पै।
39
अर वु लोग मूसा की बातों तैं नि मनण चाणा छा, बल्किन मा ऊ वेतैं नकरण लगि गैनी, तब ऊंन अपणु-अपणु मन मिस्र जनै लगौण शुरु कैरी दिनी।
40
अर हारुन कू बोलि, ‘हम खुणि द्यबतों तैं बणौ, जु हमरा अगनै-अगनै चला, किलैकि मूसा जु कि हमतै मिस्र देस बटि निकाळि के लै, हम नि जणद्यां कि वेको क्या ह्वे।’
41
तब ऊं दिनों मा ऊंन एक बछड़ा की मूरत बणवै, अर वीं मूरत का अगनै एक बलि चड़ै, अर जु कुछ भि ऊंन बणै वेका खातिर ऊ बड़ु आनन्द मनौण लगि गैनी।
42
इलै परमेस्वर ऊं बटि दूर ह्वे गै, अर सूरज, चाँद अर गैंणो की पूजा करणु खुणि छोड़ि दिनी। अर जन रैबर्यों की किताबों मा लिख्यूं च कि, “‘हे इस्राएल का कुटुम्ब, निर्जन जगा मा चालीस सालों तक जु दान-बलिदान तुमुन चडैनी, क्या वु तुमुन मि खुणि ही चडैनी?
43
ना, वु मि खुणि नि छौ यू त तुमुन मोलेक द्यबता का तम्बू खुणि, अर ज्वा मूरत रिफान नौ का गैंणा द्यबता की लेके तुम घूमदा छा तुमुन यू सब ऊं खुणि ही कैरी। अर यों सब मूरतों तैं तुमुन इलै बणै ताकि तुम ऊंकी पूजा कैरी सैका। इलै मि भि तुमतै तुमरा देस बटि निकाळि के बेबीलोन नगर से भि भौत दूर लि जैके बसौलु।’
44
“अर साक्षी को तम्बू जु कि निर्जन जगा मा हमरा पितरों का पास छौ, अर जैतैं बणौण की आज्ञा परमेस्वर न मूसा तैं देई छै अर इन बोलि छौ कि, ‘तम्बू को जु नमूना त्वेतै दिखये गै, वेका मुताबिक वेतैं बणौ।’
45
अर तब हमरु यू देस पैलि ऊं लोगु को छौ जु की हमरि जाति-बिरादरी का नि छा। अर वे बगत मा हमरा परमेस्वर न ऊं सब लोगु तैं इख बटि भैर निकाळि के यू देस हमरा पितरों का अधिकार मा दे दिनी। अर वे बगत मा हमरा पितर साक्षी का तम्बू तैं पितर यहोशू का दगड़ा मा लेके ये देस मा ऐनी, अर वु तम्बू राजा दाऊद का दिनों तक इख रै।
46
अर परमेस्वर की किरपा राजा दाऊद पर छै, अर दाऊद न वेसे बिन्ती कैरी कि मि पितर याकूब का परमेस्वर खुणि रौणे की एक जगा बणौ।
47
मगर रौण की वा जगा पितर दाऊद का नौना सुलैमान राजा न बणवै।
48
पर क्या इन ह्वे सकदु च कि सबसे महान परमेस्वर मनखि द्वारा बणईं जगा मा रौ, ना, इन नि ह्वे सकदु किलैकि परमेस्वर न अपणा रैबर्या का द्वारा बोलि छौ कि,
49
“‘प्रभु बुल्दु कि, स्वर्ग मेरी राजगद्दी अर धरती मेरा खुटा रखण की जगा च, अब बता तुम मि खुणि कन्द्रयो घौर बणैल्या? अर इन्दरि जगा कख च जख मि आराम कैर सैकु?
50
अर क्या यों सब चीजों तैं मिन नि बणै?’
51
“अर स्तिफनुस न ऊंकू इन भि बोलि कि, ‘हे जिद्दमार लोगु, तुम ऊं लोगु का जन किलै होणा छाँ जु परमेस्वर की बातों तैं सुनण अर मनण नि चनदिन, अर तुम हमेसा किलै पवित्र आत्मा को विरोध करद्यां? जन तुमरा पितरों न कैरी ठिक उन्नि तुम भि करद्यां।
52
अर तुमरा पितरों न परमेस्वर का कै रैबर्यों तैं नि सतै? अर जौं रैबर्यों न वे धरमी मनखि का औण का बारा मा पैलि ही बतैयालि छौ ऊंतैं भि ऊं लोगु न जान से मारी दिनी। अर ऊंका मुताबिक तुमुन वे धरमी मनखि तैं बिस्वासघात कैरिके पकड़वै अर वेतैं जान से मरवै के तुम वेका हत्यारा ह्वे ग्यां।
53
तुम त उई छाँ, जौन नियम-कानूनों तैं परमेस्वर का स्वर्गदूतों का द्वारा पै, मगर फिर भि तुमुन ऊंको पालन नि कैरी।’”
54
अर स्तिफनुस की यों बातों तैं सुणी के न्याय समिति का लोग भौत गुस्सा ह्वेनि। अर ऊंतैं इथगा गुस्सा ऐ, कि ऊ गुस्सा से तमतमै गैनी।
55
मगर स्तिफनुस न पवित्र आत्मा से भरपूर ह्वेके स्वर्ग जनै देखि, अर वेन परमेस्वर की दिब्य चमक देखि अर यीशु मसीह तैं परमेस्वर का दैंणी तरफा खड़ु होयुं देखि अर बोलि कि,
56
“सुणा, मि स्वर्ग तैं खुल्यूं अर मनखि का पुत्र तैं परमेस्वर की दैंणी तरफा खड़ु होयुं दिखणु छौं।”
57
अर या बात सुणी के ऊंन अपणा कन्दूड़ बन्द कैरी दिनी अर जोर से चिल्लैनि, अर वेतैं जान से मरणु खुणि वे जनै झट गैनी।
58
अर वेतैं ढुंग्योण खुणि ऊ लोग वेतैं नगर बटि भैर खिखोड़ी के लि गैनी। अर जथगा गवा स्तिफनुस का खिलाप मा छा ऊंन अपणा-अपणा कपड़ों तैं शाऊल नौ का एक ज्वान मनखि का समणि जमा करिनी।
59
जब ऊ लोग स्तिफनुस तैं ढुंग्योणा छा, त वेन प्रभु से प्रार्थना कैरी, “मेरा प्रभु यीशु, मेरी आत्मा तैं स्वीकार कैरा।”
60
फिर वेन घुंडा टिकनी अर चिल्लै के बोलि, “मेरा प्रभु, ये पाप को दोष यों पर नि लग्यां” अर इन बोलि के वेन ईं दुनियां तैं छोड़ि दिनी।
← Chapter 6
Jump to:
Chapter 1
Chapter 2
Chapter 3
Chapter 4
Chapter 5
Chapter 6
Chapter 7
Chapter 8
Chapter 9
Chapter 10
Chapter 11
Chapter 12
Chapter 13
Chapter 14
Chapter 15
Chapter 16
Chapter 17
Chapter 18
Chapter 19
Chapter 20
Chapter 21
Chapter 22
Chapter 23
Chapter 24
Chapter 25
Chapter 26
Chapter 27
Chapter 28
Chapter 8 →
All chapters:
1
2
3
4
5
6
7
8
9
10
11
12
13
14
15
16
17
18
19
20
21
22
23
24
25
26
27
28