bible
ra
🌐 Language
English
Español
Français
Deutsch
Português
Italiano
Nederlands
Русский
中文
日本語
한국어
العربية
Türkçe
Tiếng Việt
ไทย
Indonesia
All Languages
Home
/
Shekhawati
/
Shekhawati
/
Romans 10
Romans 10
Shekhawati
← Chapter 9
Jump to:
Chapter 1
Chapter 2
Chapter 3
Chapter 4
Chapter 5
Chapter 6
Chapter 7
Chapter 8
Chapter 9
Chapter 10
Chapter 11
Chapter 12
Chapter 13
Chapter 14
Chapter 15
Chapter 16
Chapter 11 →
1
मेरा लाडला बिस्वास्यो, मेरा मन की इंछ्या ह, जि ताँई म परमेसरऊँ अरदास करूं हूँ क इजरायली मिनख बचाया जावीं।
2
क्युं क म इ बात की गुवाई दे सकूँ हूँ क बामै परमेसर की धुन ह। पण बा धुन ज्ञान गेल कोनी।
3
क्युं क बे परमेसर की धारमिक्ताऊँ अणजाण होर खुदकी धारमिक्तानै बणाबा म लाग्या रिह्या अर खुदनै परमेसर की धारमिक्ता म कोनी सूप्या।
4
मसी नेम-कायदा को अंत ह जिऊँ जखो बिस्वास करै बो परमेसर की नजर्या म धरमी बणै।
5
मूसा नेम-कायदाऊँ आबाळी धारमिक्ता क बारां म मांड्यो ह क, “जखो नेम-कायदा का हुकमा प चालसी बो बाकै सारै जीवै ह।”
6
पण बिस्वासऊँ आबाळी धारमिक्ता क बाबत सास्तर बोलै ह, “तू खुदऊँ आ मना बुज क, ईस्बर नगरीऊँ मसीनै धरती प ल्याबा कूण जासी?”
7
अर आबी मना बुज क, “पताळ म कूण जासी? मतबल मसीनै मरेड़ा मऊँ पाछो ल्याबानै।”
8
पण सास्तर बोलै ह क, “बचन तेरै कनै ह, तेरा होठा प ह अर तेरा मन म ह।” इ बिस्वास का बचन को आपा हेलो पाड़ां हां।
9
ज तू तेरा मुंडाऊँ बोलै, “ईसु परबु ह,” अर तू ओ बिस्वास करै क परमेसर बिनै मरेड़ा मऊँ जीवा दिओ ह जणा तू बचायो ज्यासी।
10
क्युं क आपका हिया म बिस्वासऊँ मिनख धरमी बणायो जावै ह अर खुदका मुंडाऊँ मानबाऊँई बिनै बचायो जावै ह।
11
सास्तर बोलै ह, “जखो बी बिपै बिस्वास करै ह बो सरमिंदा कोनी होसी।”
12
आ इ ताँई ह क यहूदि मिनखा अर यूनानी मिनखा म कोई भेद कोनी क्युं क सगळा को परबु एकई ह। अर बिकी अपरम्पार दया बा सगळा ताँई ह जखा बिनै हेलो देवै ह।
13
क्युं क, “जखो बी परबु को नाम लेवै ह, बिनै बचायो ज्यासी।”
14
पण बे जखा बिपै बिस्वास कोनी करीं, बिको नाम कंय्यां लेसी? अर बे जखा बिकै बारां म सुण्याई कोनी बिको बिस्वास कंय्यां करसी? अर जद ताँई बानै बताबाळो कोई कोनी जणा बे कंय्यां सुण सकीं हीं?
15
अर सुणाबाळानै बिना भेज्या बे कंय्यां सुणा सकीं हीं? जंय्यां क पबितर सास्तर म मंडेड़ो ह, “चोखा समचार को हेलो पाड़बाळा का पग कत्ता सोवणा हीं।”
16
पण चोखा समचारनै सगळा कोनी मान्या। यसाया बोलै ह, “ओ परबु, म्हारूँ सुणर कूण बिस्वास कर्यो?”
17
सुणबाऊँ बिस्वास उपजै ह अर सुणबो खाली मसी का बचनऊँई होवै।
18
पण म बुजूँ हूँ, के बे हेलो कोनी सुण्या? हाँ, पक्काई सुण्या। सास्तर बोलै ह: “बाकी उवाज सगळी धरती प फेलगी, अर बाका बचन धरती का इ कूणाऊँ बि कूणा ताँई पुग्या।”
19
पण म बुजूँ हूँ, के इजरायली कोनी जाणता हा? सऊँ पेली मूसा बोल्यो हो: “म थारै मना म बा मिनखा क जरिए बळत लगास्युं। म बिस्वास नइ करबाळा कूणबा क जरिए थानै झाळ दिवास्युं।”
20
पाछै यसाया हिमत क सागै बोलै ह: “म बानै मिल्यो जखा मनै कोनी ढुंढर्या हा। म बा ताँई परगट होयो जानै मेरी खोज खबरई कोनी हीं।”
21
पण परमेसर इजरायलीआ क बारां म बोल्यो ह: “म सगळा दिन मेरी नइ मानबाळा, अर बिरोद्या क आगै हात फेलाया राख्यो।”
← Chapter 9
Jump to:
Chapter 1
Chapter 2
Chapter 3
Chapter 4
Chapter 5
Chapter 6
Chapter 7
Chapter 8
Chapter 9
Chapter 10
Chapter 11
Chapter 12
Chapter 13
Chapter 14
Chapter 15
Chapter 16
Chapter 11 →
All chapters:
1
2
3
4
5
6
7
8
9
10
11
12
13
14
15
16