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Ezekiel 38
Ezekiel 38
Chhattisgarhi
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1
यहोवा के बचन मोर मेर आईस:
2
“हे मनखे के बेटा, मागोग देस के गोग कोति अपन मुहूं ला कर, जऊन ह रोस, मेसेक अऊ तूबल के मुखिया हाकिम ए; ओकर बिरूध म अगमबानी कर,
3
अऊ कह, ‘परमपरधान यहोवा ह ये कहत हे: हे गोग! रोस, मेसेक अऊ तूबल के मुखिया हाकिम, मेंह तोर बिरूध हवंव।
4
मेंह तोला उल्टा दिग म मोड़ दूहूं अऊ तोर जबड़ामन म कांटा डालके तोला तोर पूरा सेना के संग बाहिर ले आहूं—तोर घोड़ामन, पूरा हथियार धरे तोर घुड़सवारमन, अऊ छोटे अऊ बड़े ढाल धरे बड़े उपदरवी झुंड, जम्मो के जम्मो तलवार धरे हवंय।
5
फारस, कूस अऊ पूत अपन-अपन ढाल लेके अऊ टोप पहिरे ओमन के संग होहीं,
6
गोमेर अपन पूरा सेना के संग, दूरिहा उत्तर दिसा ले बेत-तोगरमा अपन पूरा सेना के संग—बहुंत अकन जातिमन ला तोर संग बाहिर ले आहूं।
7
“ ‘तियार हो जावव; तियारी कर लव, तें अऊ पूरा उपदरवी भीड़, जऊन ह तोर मेर इकट्ठा होय हवय, ओ जम्मो ला अपन अधीन कर ले।
8
बहुंत समय के बाद तोला हथियार धरे बर बलाय जाही। अवइया सालमन म तेंह एक देस ऊपर हमला करबे, जऊन ह लड़ई के बाद संभल गे होही, जेकर मनखेमन बहुंते जातिमन ले आके इसरायल के ओ पहाड़मन म इकट्ठा होहीं, जऊन ह बहुंत समय ले उजाड़ पड़े रिहिस। ओमन ला बहुंत जातिमन ले बाहिर लाय गे रिहिस, अऊ अब ओमन जम्मो सुरकछित रहिथें।
9
तें अऊ तोर पूरा सेना अऊ तोर संग बहुंते जाति के मनखेमन आंधी असन आघू बढ़हीं; तेंह ओ बादर असन होबे, जऊन ह देस के ऊपर छा जाथे।
10
“ ‘परमपरधान यहोवा ह ये कहत हे: ओ दिन तोर मन म अइसन बिचारमन आहीं कि तेंह एक दुस्ट योजना बनाबे।
11
तेंह कहिबे, “मेंह बिगर दीवारवाले गांवमन के एक देस ऊपर हमला करहूं; मेंह ओ मनखेमन ऊपर हमला करहूं, जेमन सांति म अऊ निडर रहिथें—ओमा के जम्मो झन बिगर कोनो दीवार अऊ बिगर दुवार अऊ पल्लामन के रहत हवंय।
12
मेंह ओमन ला लूटहूं अऊ ओमन ले छीन लूहूं अऊ मोर हांथ ह फेर बसाय गय खंडहरमन अऊ जाति-जाति ले इकट्ठा हो गय ओ मनखेमन के बिरूध उठही, जेमन करा बहुंत जादा पसु अऊ संपत्ति हवय अऊ जेमन देस के मांझा म रहिथें।”
13
सेबा अऊ ददान के मनखेमन अऊ तरसीस के बेपारीमन अऊ ओकर जम्मो गांवमन तोर ले कहिहीं, “का तेंह लूटे बर आय हस? का तेंह अपन उपदरवी भीड़ ला लूटे बर, सोन अऊ चांदी ले जाय बर, पसु अऊ सामान ले जाय बर अऊ लूट के सामान ऊपर कब्जा करे बर इकट्ठा करे हस?” ’
14
“एकरसेति, हे मनखे के बेटा, अगमबानी करके गोग ला कह, ‘परमपरधान यहोवा ह ये कहत हे: ओ समय, जब मोर इसरायली मनखेमन सुरकछित रहत होहीं, त का तोर धियान ये तरफ नइं जाही?
15
तेंह अपन जगह बहुंत दूरिहा उत्तर दिग ले आबे, तोर संग बहुंत जाति के मनखेमन होहीं, ओ जम्मो घोड़ामन म चघके आहीं; येह एक बड़े उपदरवी भीड़, एक सक्तिसाली सेना होही।
16
तेंह मोर मनखेमन के बिरूध ओ बादर असन आघू बढ़बे, जऊन ह देस ऊपर छा जाथे। हे गोग, अवइया दिनमन म, मेंह तोर ले मोरेच देस के बिरूध हमला करवाहूं, ताकि जब में तोर जरिये जाति-जाति के मनखेमन के आंखी के आघू म पबितर साबित होवंव, त ओमन मोला जानंय।
17
“ ‘परमपरधान यहोवा ह ये कहत हे: तेंह ओ अस, जेकर चरचा मेंह पहिले के समय म अपन सेवक याने कि इसरायल के अगमजानीमन के दुवारा करे रहेंव। ओ समय ओमन कतको साल तक अगमबानी करते रिहिन कि मेंह तोला ओमन के बिरूध लानहूं।
18
ओ दिन ये बात होही: जब गोग ह इसरायल देस ऊपर हमला करही, तब मोर गुस्सा ह बहुंत भड़कही, परमपरधान यहोवा ह घोसना करत हे।
19
में अपन उत्साह अऊ भयंकर कोप म घोसना करत हंव कि ओ समय इसरायल देस म एक बड़े भुइंडोल होही।
20
समुंदर के मछरी, अकास के चिरई, भुइयां म रेंगइया जम्मो जीव-जन्तु अऊ धरती म रहइया जम्मो मनखे मोर आघू म कांप उठहीं। पहाड़मन पलटा दिये जाहीं, ठाढ़ चट्टानमन कुटा-कुटा हो जाहीं अऊ हरेक भीथी ह भुइयां म गिर जाही।
21
मेंह गोग के बिरूध अपन जम्मो पहाड़मन म तलवार चलवाहूं, परमपरधान यहोवा ह घोसना करत हे। हर एक झन के तलवार ओकर भाई के बिरूध म उठही।
22
मेंह ओकर ऊपर महामारी लानके अऊ खून बहाय के दुवारा नियाय करहूं; मेंह ओकर ऊपर, ओकर सेना ऊपर अऊ ओकर संग के बहुंते जातिमन ऊपर भारी बारिस करवाहूं अऊ ओमन ऊपर बड़े-बड़े करा अऊ बरत गंधक बरसाहूं।
23
अऊ ये किसम ले मेंह अपन महानता अऊ पबितरता देखाहूं, अऊ मेंह बहुंते जाति के मनखेमन के नजर म अपनआप ला परगट करहूं। तब ओमन जानहीं कि मेंह यहोवा अंव।’
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