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Garhwali (GHMNT) (गढवली नयो नियम) 2020
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John 6
Garhwali (GHMNT) (गढवली नयो नियम) 2020
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1
यूं बातों का बाद यीशु गलील जिला कि झील मतलब तिबरियास कि झील का छाला मा गै।
2
अर एक बड़ी भीड़ ऊंका पिछनै हवे गै किलैकि जु चमत्कार यीशु बिमारों पर दिखांदु छों उ ऊं तैं दिखदा छा।
3
तब यीशु डांडा पर चढ़ी के अपड़ा चेलों का दगड़ी उख बैठी गैनी।
4
यहूदियों कु फसह कु त्यौहार नजदीक छो।
5
तब यीशु ल अपड़ा आंखा उठै के एक बड़ी भीड़ तैं अपड़ा संमणी औंण देखि त वेल फिलिप्पुस मा बोलि हम यूँका खांणु कु कख बट्टी रुट्टि मोल ल?
6
ऊंल या बात वे तैं परखणु कु बोलि, किलैकि उ अफ जंणदा छा कि मिल क्य कन।
7
फिलिप्पुस ल यीशु तैं जवाब दे, तीन रुट्टियुं की कीमत द्वी सौ दिन की मजदूरी का बराबर होली, यु भि यूं कु पूरी नि होलि, पर ऊंमा बट्टी हरेक तैं जर जरा मिली जौ।
8
वेका चेलों मा बट्टी शमौन पतरस का भैय अन्द्रियास ल वेमा बोलि,
9
इख एक नौंनो च जै मा जौं कि पाँच रुट्टि छिन अर द्वी माछा छिन पर इथग लुखुं कु उ क्य छिन?
10
यीशु ल बोलि, लुखुं तैं बैठे द्या। वीं जगह म भौत घास छै तब लोग जौं मा पाँच हजार आदिम लगभग छा उ सभि बैठी गैनी।
11
तब यीशु ल रुट्टियुं तैं पकड़ी अर धन्यवाद कैरी के बैठण वलो तैं बांटि दींनि अर उन ही माछों मा बट्टी जथग उ चांदा छा बांटि दींनि।
12
जब सभि खै के छक हवे गैनी त यीशु न अपड़ा चेलों म बोलि, बचयां टुकड़ों तैं बटोरी ल्या कि कुछ ढुलै नि जौं।
13
अर ऊंल बटोरी अर जौं कि पाँच रुट्टियुं का टुकड़ों बट्टी जु खांण वलो मा बट्टी बचि गै छा वांका बारह ठुपरा भुरिनि।
14
तब जु चमत्कार यीशु ल कैरी के दिखै वे तैं उ लोग देखि के बुल्ण लगि गैनी उ परमेश्वर का तरपां बट्टी बुल्ण वलो जु दुनिया मा औंण वलो छो पक्को यूई च।
15
यीशु यु जांणि के कि उ मि तैं राजा बनांणु कु पकड़ण चांणा छिन त डांडा पर यखुली चलि गै।
16
जब रुमुक हवे त ऊंका चेला झील का छाला गैनी
17
अर नाव पर चढ़ी के झील का छाला कफरनहूम शहर मा जांण बैठी गैनी। वे बगत अंधेरो हवे गै छो अर यीशु अभि तक ऊँका संमणी नि ऐ छा।
18
आंधी का कारण झील मा बौछार औंण बैठी गै छै।
19
जब उ पुंगड़ा-पुंगड़ा पाँच या छह किलोमीटर का लगभग निकली गैनी त ऊंल यीशु तैं झील मा चलदो अर नाव का संमणी औंदु देखि अर चेला घबरै गैनी।
20
पर यीशु ल ऊंमा बोलि, मि छौं डैरा न।
21
अर चेला यीशु तैं नाव पर चड़ौंणु कु राजि हवे गैनी अर एकदम व नाव वीं जगह मा जै पौंछि जख उ तैं जांण छा।
22
दुसरा दिन वीं भीड़ ल जु झील का छाला पर खड़ी छै यु देखि कि इख एक तैं छोड़ी के और कुई नाव नि च अर यीशु अपड़ा चेलों का दगड़ी वीं नाव पर नि चढ़ी पर भस ऊंका ही चेला गै छा।
23
तब दुसरी नाव तिबिरियास शहर बट्टी वीं जगह का संमणी ऐनी जख ऊंल प्रभु तैं धन्यवाद कना का बाद रुट्टि खै छै।
24
इलै जब भीड़ ल देखि कि इख न यीशु छिन अर न ऊंका चेला त उ भि नावों पर चढ़ी के यीशु तैं ढुंडदि कफरनहूम शहर पौंछिनी।
25
झील का छाला जब उ यीशु तैं मिलिनि त ऊंल बोलि, हे गुरु तु इख कब ऐ?
26
यीशु ल ऊं तैं जवाब दे मि तुम मा सच-सच बुल्ण छौं तुम मि तैं इलै नि ढुंडणा छा कि तुम ल चमत्कार दिखिनि पर इलै कि तुम रुट्टि खै के छकि गै छा।
27
खांणु कु मेहनत नि कैरा पर वे खांणु कु जु अनन्त जीवन तक ठैरद मि मनिख कु नौंनो तुम तैं यु खांणु दयुलु किलैकि पिता परमेश्वर ल मि तैं इन कनु कु अधिकार दियुं च।
28
ऊंल यीशु तैं पूछि, परमेश्वर का कामों तैं कनु कु हम क्य करां?
29
यीशु ल ऊं तैं जवाब दींनि परमेश्वर चांदु च की तुम वे पर विश्वास कैरा जै तैं वेल भेजि, वे पर विश्वास कैरा
30
तब ऊंल यीशु तैं पूछि, तु कु वलो चमत्कार को चिन्ह दिखौंदी कि हम वे तैं देखि के त्वे पर विश्वास कैरा? तु कु वलो काम दिखौंदि?
31
हमारा पूर्वजों ल एकांत जंगल मा मन्ना खै जन लिख्युं च, मूसा ल ऊं तैं खांणु कु स्वर्ग बट्टी रुट्टि दींनि
32
यीशु ल ऊंमा बोलि मि तुम मा सच-सच बुल्ण छौं कि तुम तैं व रुट्टि स्वर्ग बट्टी मूसा ल नि द्ये पर मेरू पिता परमेश्वर तुम तैं सच्ची रुट्टि स्वर्ग बट्टी दींदु च।
33
किलैकि परमेश्वर की रुट्टि उ ही च जु स्वर्ग बट्टी उतरी के दुनिया का लुखुं तैं जीवन दींद।
34
तब ऊंल यीशु मा बोलि, हे प्रभु ईं रुट्टि हम तैं सदनी दींणु रौ।
35
यीशु ल ऊंमा बोलि, अनन्त जीवन दींण वली रुट्टि मि छों जु मि मा औंणु च उ कभि भि भुखी नि होलो अर जु मि पर विश्वास करदो च उ कभि तिसलो नि होलो।
36
पर मिल तुम मा बोलि, कि भलै ही तुम मि तैं दिखदा छा पर तुम मि पर विश्वास नि करदां।
37
जु कुछ पिता परमेश्वर मि तैं दींद उ सब मि मा आलो अर जु कुई मि मा आलो वे तैं मि कभि नि निकललु।
38
किलैकि मि अपड़ी मनसा न पर अपड़ा भिजण वला कि मनसा पूरी कनु कु स्वर्ग बट्टी उतरयूँ छौं
39
अर मेरा भिजण वला कि मनसा या च कि जु कुछ वेल मि तैं दे वां बट्टी मि कुछ नि हरचौं पर वे तैं आखरी दिन फिर ज्यूँदो उठालो।
40
किलैकि मेरा पिता परमेश्वर कि मनसा याचा कि जु कुई मि पर विश्वास करदो उ अनन्त जीवन पौ अर मि वे तैं अंत का दिन मा फिर ज्यूँदो उठौलु।
41
इलै यहूदियों का अगुवा यीशु पर कुड़कुड़ाण लगि गैनी किलैकि ऊंल बोलि छो ज्वा रुट्टि स्वर्ग बट्टी उतरी व मि छौं।
42
अर ऊंल बोलि क्य यु यूसुफ कु नौंनो यीशु नि च जैका ब्वे-बुबा तैं हम जंणदा छा? त उ कनके बुल्णु च कि मि स्वर्ग बट्टी उतरयूँ छौं?
43
यीशु ल ऊं तैं जवाब दींनि कि आपस मा नि कुड़कुड़ावा।
44
कुई मि मा नि ऐ सकद जब तक कि पिता जैल मि तैं भेजि वे तैं खींचि नि ल्यो अर मि वे तैं अंत का दिन मा ज्यूँदो उठै दयुलु।
45
परमेश्वर का तरपां बट्टी बुल्ण वलो का लेखों मा यु लिख्युं च कि उ सब परमेश्वर का तरपां बट्टी सिखयां होला। जु कैल पिता परमेश्वर बट्टी सूंणि अर सीखी उ मि मा आंणु च।
46
कैल पिता परमेश्वर तैं नि देखि मि यखुली छों जु परमेश्वर कि तरपां बट्टी अयुं छों जैल वे तैं देखि
47
मि तुम मा सच-सच बुल्ण छौं कि जु कुई मि पर विश्वास करदो अनन्त जीवन वेको ही च।
48
अनन्त जीवन दींण वली रुट्टि मि छों।
49
तुमारा बाप दादों ल एकांत जंगल मा मन्ना खै अर मोरि गैनी।
50
य व रुट्टि च ज्वा स्वर्ग बट्टी उतरदी इलै की मनिख वामा बट्टी खौ अर नि मोरू।
51
जीवन कि रुट्टि ज्वा स्वर्ग बट्टी उतरी मि छौं। जु कुई ईं रुट्टि मा बट्टी खौ त हमेशा ज्यूँदो रालो अर ज्वा रुट्टि मि दुनिया का जीवन कु दयुलु उ मेरी देह च।
52
ईं बात पर यहूदियों ल आपस मा बोलि के झगड़ा कन बैठी गैनी कि यु आदिम कनके हम तैं अपड़ो देह खांणु कु दे सकद?
53
यीशु ल ऊंमा बोलि, मि तुम मा सच-सच बुल्ण छौं कि जब तक मि मनिख कु नौंनो कु देह नि खांदो, अर मेरू ल्वे नि प्यूंदों, तुम मा जीवन नि च।
54
जु मेरी देह खांदो अर मेरू ल्वे प्यूंदों च अनन्त जीवन वेको च अर मि वे तैं न्याय का दिन ज्यूँदो कैरी दयुलु।
55
किलैकि मेरी देह सच मा खाणे कि चीज च अर मेरू ल्वे सच मा पीणैं कि चीज च।
56
जु मेरी देह खांदु अर मेरू ल्वे पींदु उ मि मा मजबूत बणयूँ रौंदु च अर मि वेमा बणयूँ रौंदु।
57
मेरा पिता परमेश्वर जैल मि तैं भेजि उ जीवन दींद जन वेल मि तैं जीवन दये वे जन मि भि वे आदिम तैं जीवन दयुलु जु मेरी देह तैं खांदु।
58
ज्वा रुट्टि स्वर्ग बट्टी उतरी च, पूर्वजों ल खै, अर मोरि गैनी, पर जु कुई ईं रुट्टि तैं खालो उ सदनी ज्यूँदो रालो।
59
यूं बातों तैं यीशु ल कफरनहूम शहर का एक यहूदियों का मिलणा का भवन मा उपदेश दींणा का बगत मा बुलिनि।
60
यीशु का चेलों मा बट्टी भौतों ल यु सूंणि के बोलि यु त कठिन शिक्षा च ईं तैं कु मांणी सकद?
61
यीशु ल अपड़ा मन मा यु जांणि के कि मेरा चेला आपस मा ईं बात पर कुड़कुड़ाणा छिन ऊं बट्टी पूछि क्य यु तुम तैं मि पर विश्वास कन से रुकदो च?
62
जु तुम मि मनिख कु नौंना तैं जख उ पैली छो उख मथि जांण देखि ल्या त क्य होलो?
63
परमेश्वर की आत्मा जु जीवन दींण वली च देह बट्टी कुछ फैदा नीच जु बात मिल तुम बट्टी बुलीं छिनी उ आत्मा च, अर जीवन भि दींद।
64
अर तुम मा कुछ इन छिन जु मि पर विश्वास नि करदींनि किलैकि यीशु पैली बट्टी जंणदु छो कि जु विश्वास नि करदींनि ऊं कु छिनी अर कु मि तैं पकड़वालो।
65
अर यीशु ल बोलि, इलै मिल तुम मा बोलि छो कि जब तक कै तैं पिता परमेश्वर कि तरपां बट्टी यु वरदान नि दिये जौं तब तक उ मि मा नि ऐ सकदु।
66
ईं बात पर यीशु का चेलों मा बट्टी भौत सी उल्टा फिरी गैनी अर वांका बाद ऊं दगड़ी नि गैनी।
67
तब यीशु ल ऊं बारहों बट्टी बोलि क्य तुम भि जांण चांणा छा?
68
शमौन पतरस ल यीशु तैं जवाब दे कि हे प्रभु हम कै मा जां? अनन्त जीवन त त्वे मा ही च
69
अर हम ल विश्वास कैरी अर जांणि भि ग्यां कि तु एक पवित्र जन छै जै तैं पिता परमेश्वर ल भेजि।
70
यीशु ल ऊं तैं जवाब दींनि क्य मिल तुम बारहों तैं नि चुणि? तब भि तुम मा बट्टी एक आदिम शैतान का वश मा च।
71
यु वेल शमौन इस्करियोती का नौंना यहूदा इस्करियोती का बारा मा बोलि, जबकि उ बारहों शिष्यों मा बट्टी एक छो उ यीशु का दगड़ी विश्वासघात कन वलो छो।
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