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Garhwali (GHMNT) (गढवली नयो नियम) 2020
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Matthew 27
Matthew 27
Garhwali (GHMNT) (गढवली नयो नियम) 2020
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1
अर सुबेर लै के प्रधान याजक ल दाना-सयाणों अर मूसा की व्यवस्था तैं सिखांण वलो ल बल्कि सैरी महासभा का लुखुं ल यीशु तैं मरणै की सलाह कैरी कि
2
ऊंल यीशु तैं बन्धवै दींनि अर न्याय कनु कु यहूदिया जिला का रोमी राज्यपाल मा लिजै कै पिलातुस मा सौंपी दींनि।
3
जब वेका पकड़ौण वला यहूदा तैं उ पता चलि की उ मरवांणु कु भंगारी ठैरे गै त तब उ भौत पछतै अर ऊं तीस चाँदी का सिक्कों तैं प्रधान याजक मा अर दाना-सयाणों मा वापिस दींणु कु गै।
4
अर बोलि निर्दोष आदिम तैं मरणु कु पकड़वै के पाप कैरी पर ऊंल बोलि यां बट्टी हमारो कुई लींण दींण नि च या त तेरी आफत च अर तु जांण।
5
तब उ ऊं सिक्कों तैं यरूशलेम शहर का मन्दिर का चौक मा फेंकी के चलि गै अर भैर जै के अफ फांस खै दींनि।
6
प्रधान याजक ल ऊं सिक्कों तैं ले के बोलि “मूसा कि व्यवस्था का अनुसार यूं पैसों तैं मन्दिर का भण्डार मा रखण ठिक नि च, किलैकि यु एक मनिख की ल्वे बुगांण कु दिये गै दाम च।”
7
अर ऊंल सलाह कैरी कै ऊं सिक्कों से परदेशी लुखुं तैं दफनौंणु कु माटा का भांडा बंणौण वला को पुंगड़ो मोल ले दींनि।
8
ये कारण से उ पुंगड़ो आज तक ल्वे को पुंगड़ो मंणै जांदु।
9
तब जु वचन यिर्मयाह जु परमेश्वर का तरपां बट्टी बुल्ण वला मा बट्टी बोलि छो उ पूरो हवे ऊंल उ तीस सिक्का वीं ठैरैइं कीमत तैं जै तैं इस्राएल का लुखुं ल वे कु दींणु कु सहमत हवे छा ले लींनि।
10
अर जन प्रभु ल मि तैं आज्ञा दे छै उन ही ऊं तैं माटा का भांडा बंणौण वला पुंगड़ा कीमत मा दे दींनि।
11
जब यीशु राज्यपाल का संमणी खड़ो छो त पिलातुस ल यीशु तैं पूछि, “क्य तु यहूदियों कु राजा छै?” यीशु ल पिलातुस तैं जवाब दींनि “सचै यु ही च जु तू बुल्णी छै।”
12
जब प्रधान याजक अर दाना-सयाणों यीशु पर भौत बातों कु भंगार लगांणा छा। त वेल कुई भि जवाब नि दींनि।
13
“ईं बात पर पिलातुस ल वेकु बोलि” क्य तु नि सुंनि कि यु तेरा खिलाफ मा कथग गव्है दींणा छिनी?
14
पर यीशु ल फिर कुई जवाब नि दे किलैकि उ शांत छो यु देखि के वेल कुछ नि बोलि इख तक की पिलातुस राज्यपाल भि भैचक मा पोड़ि गै।
15
राज्यपालों की या रीत छै कि फसह का त्योहार मा उ कै एक कैदी तैं जै तैं भि लोग चांदा छा छोड़ी दींदु छो।
16
वे बगत यीशु का इख, बरअब्बा नौं कु एक जंणयूं-मंणय्युं बंधि छो।
17
अर जब उ कठ्ठा हवेनि त पिलातुस ल ऊंमा बोलि “तुम कै तैं चांणा छा कि मि वे तुम कु छोड़ी द्यो” बरअब्बा तैं या यीशु तैं जु मसीह कैलादों च?
18
किलैकि उ जंणदु छो कि प्रधान याजक ल यीशु तैं जलन खोरि मा पकड़वे छो।
19
जब उ न्याय आसण पर बैठयूं छो त वेकी घरवलि ल वेकु सवाल भेजि कि “तु वे धर्मी का मामला मा हथ नि डाली किलैकि मिल आज सुपन्या मा वेका कारण भौत दुःख उठै।”
20
प्रधान याजक ल अर दाना-सयाणों ल लुखुं की भीड़ तैं उगसै कि उ पिलातुस बट्टी यीशु तैं छुड़णा का बदला बरअब्बा तैं मांगि ल्योनु अर यीशु को नाश करौंनु।
21
राज्यपाल ल लुखुं मा पूछि “यूं द्वीयूं मा बट्टी तुम कै तैं चांणा छा कि मि तुम कु वे तैं छोड़ी द्यों” अर ऊंल बोलि बरअब्बा तैं।
22
पिलातुस ल ऊंमा फिर पूछि, “जैकु तुम यहूदियों कु राजा यीशु मसीह बुल्णा छा वेको मिल क्य कन?” भीड़ फिर चिल्लै की “वे तैं सूली पर चढ़ै के मारि द्या”
23
हाकीमा ल बोलि, “किलै येल क्य बुरै कैरी पर भीड़ और जोर से चिल्लै यु तैं सूली पर चड़ैये जौं।”
24
जब पिलातुस ल देखि कि कुछ नि हवे सकदु पर हल्ला और जादा बडणु च त वेल पांणी ले के भीड़ का संमणी अपड़ा हथ ध्वे के बोलि, “मि यु धर्मी की ल्वे से निर्दोष छौं अब तुम ही जांणा।”
25
सभि लुखुं ल जवाब दींनि कि “यु कु ल्वे कु इल्जाम हम पर अर हमारी सन्तान पर औ।”
26
ईं बात पर पिलातुस ल बरअब्बा तैं ऊंकु छोड़ी दींनि अर यीशु तैं कोड़ा मरवै कै रोमी सैनिको तैं सौंपी दींनि कि उ सूली पर चड़ैये जौं।
27
तब राज्यपाल का सिपैयूं ल यीशु तैं किला मा लीके गैनी अर यीशु का चौतरफी सैरी पलटण तैं बुलै दींनि जु एक सैनिको को भौत बड़ो झुण्ड छो।
28
अर ऊंल यीशु का कपड़ा खोलि के वे तैं बैंगनी जु शाही कपड़ा छा पैरेनि जन राजा पैरदो अर वेको ठट्टा कैरी
29
अर झिबलांण कु मुगट बूणि कै वेका मुंड मा रखि अर वेका दैंणा हथ मा सरकंडा दे दींनि अर वेका अगनैं घुंडा टेकि के वेको मजाक बंणौण लगि गैनी अर इन बोलि के यीशु तैं प्रणाम कन लगि गैनी “हे यहूदियों का राजा प्रणाम”
30
अर वेका मुंड मा सरकंडा ल मरणा छा अर वेको अपमान कन कु वे पर कई बार थुकणा छा।
31
जब ऊंल यीशु को मजाक कैरेली छो त तब वे बागा तैं उतारी के फिर वेका कपड़ा वे तैं पैरेनि अर तब वे तैं सूली पर चढ़ाणु कु शहर बट्टी भैर ली गैनी।
32
भैर जांण दफा ऊं तैं शमौन नौं कु एक कुरेनि जु कै गौं को छो मिली। अर सैनिको ल वे तैं सूली उठै के वीं जगह पर लिजांणु कु जख यीशु तैं सूली पर चड़ौण छो लिजांण की आज्ञा दींनि।
33
वीं जगह पर ज्वा गुलगुता नौं जै कु खोपड़ी कि जगह बुल्दींनि उख पौंछि के
34
तब सैनिको ल यीशु तैं मुर मिल्युं दाखमधु दींनि जु दर्द तैं मैसूस नि हूंण मा मदद करद पर यीशु ल नि लींनि।
35
तब ऊंल यीशु तैं सूली पर कीलों ल ठोकी के चढ़ै दींनि अर वेका कपड़ोंं तैं बंटणु कु पर्ची बणैंनि कि जै तैं जु भि मिललो वे तैं आपस मा बांटि द्याला।
36
अर उख बैठी के वेको पैहरा दींण लगि गैनी।
37
अर यीशु की भंगार की एक तख्ती लिखीं के वेकी सूली का मथि ठोकी दींनि कि “यु यहूदियों कु राजा यीशु च”
38
तब वेका दगड़ा मा अलग अलग सूली पर द्वी डाकूओं तैं एक दैंणि तरपां अर एक बैंं तरपां सूली पर चढ़ै दींनि।
39
आंण-जांणवला मुंड हिलै-हिलै के वेकी बुरै कना छा
40
अर बुल्दिन उ मन्दिर तैं ढुलण वला अर तीन दिनों मा बनांण वला अफ तैं त बचौ तु परमेश्वर कु नौंनो छै त सूली पर बट्टी उतरी के अफ तैं बचौ।
41
अर इन ही प्रधान याजक मूसा की व्यवस्था तैं सिखांण वला अर ऊं लुखुं का दाना-सयाणों समेत मजाक उड़ाणा छा।
42
“येल औरों तैं बचै पर अफ तैं नि बचै सकदु हे इस्राएल का लुखुं का राजा मसीह सूली बट्टी उतरी के औ हम भि त्वे तैं देखि कै विश्वास करुला।”
43
येल परमेश्वर पर भरोसो रखि जु उ यु तैं चांदु च त अब यु तैं छुड़ैल्यो किलैकि येल बोलि छो कि मि परमेश्वर कु नौंनो छौं।
44
इन ही उ डाकु भि जु यीशु का दगड़ा सूली पर चढैयां छा उ भि यीशु कि बुरै कना छा।
45
बारा बजि का लगभग बट्टी तीन बजि का लगभग तक सैरा मुल्क मा अंधेरो छयुं रै।
46
तीन बजि का लगभग यीशु ल पुकारी के बोलि “एली-एली लमा शबक्तनी” ज्यांको यु मतलब च हे मेरा परमेश्वर हे मेरा परमेश्वर तिल मि तैं किलै छोड़ेलि?
47
जु उख खड़ा छा ऊंमा बट्टी कुछों ल सूंणि पर नि समझणी अर एक दुसरा मा बोलि, “सूंणा यु एलिय्याह तैं अपड़ी मदद कु पुकारणू च।”
48
ऊंमा बट्टी एक सिपै भागि के एक स्पंज तैं सिरका मा डुबै के एक सरकंडा पर रखि के यीशु तैं चुसै।
49
पर औरों ल बोलि “ठैरी जा देखदां कि एलिय्याह वेको ल्वे का कारण बचौंणु कु औंदु च कि नि औंदु।”
50
तब यीशु ल बड़ा शब्द मा चिल्लै कै प्राण छोड़ी दींनि।
51
अर देखा यरूशलेम शहर का मन्दिर मा लटकयूँ मोटू परदा जु परमेश्वर की उपस्थित मा जांण से रुकदो छो मथि बट्टी मूड़ि तक फटी के द्वी टुकड़ा हवे गै अर धरती हिलि गै अर चट्टान तड़कि गैनी।
52
अर कब्र खुलि गैनी अर सियां पवित्र लोग का भौत मुरयां देह ज्यूंदा हवे गै छा।
53
अर ज्यून्दो हूंण का बाद उ कब्रों मा बट्टी निकली के पवित्र शहर मा गैनी अर उ भौत लुखुं तैं दिखै गैनी।
54
तब सुबदार अर जु वे दगड़ी यीशु को पहरा दींणा छा भ्युंडोल अर जु कुछ हवे छो वे देखि के भौत डैरी गैनी त बोलि, “सचमुच यु मनिख परमेश्वर कु नौंनो छो”
55
उख भौत जनन जु गलील जिला बट्टी यीशु की सेवा करदी ऐ छै उ भि दूर बट्टी यु सब दिखणा छा।
56
ऊंमा मरियम जु मगदल गौं की छै अर याकूब अर योसेस कि ब्वे मरियम अर जब्दी का नौंनो कि ब्वे छै।
57
जब रुमुक हवे त यूसुफ नौं को अरिमतियाह को एक सेठ मनिख जु अफ भि यीशु को चेला छो।
58
तब वेल पिलातुस मा जै के यीशु को मुर्युं देह मांगि वेका मंगण पर पिलातुस ल दींणै की आज्ञा दे दींनि।
59
तब यूसुफ ल यीशु कि लांश तैं सूली बट्टी उतारी अर एक चदरा लै के वेमा लपेटी के एक पोड़ पर खुदीं कब्र मा छै रखि दींनि अर कब्र का द्वार पर एक गोल ढुंगों लगै दींनि।
61
मरियम जु मगदल गौं की छै अर याकूब अर योसेस कि ब्वे मरियम उख कब्र का संमणी बैठी छै।
62
दुसरा दिन जु कि यहूदियों को विश्राम को दिन जु परमेश्वर कु पवित्र दिन च, कु दिन छो प्रधान याजक अर कुछ फरीसियों ल पिलातुस का संमणी कठ्ठा हवे के बोलि।
63
“हे झूठा स्वामी हम तैं याद च कि वे झूठा बुल्ण वला ल जब उ ज्यूँदो छो त वेल बोलि छो कि मेरा मुरणा का तीन दिन का बाद ज्यूँदो हवे जौलु।
64
त आज्ञा दे कि तिसरा दिन तक कब्र की ध्यान से रखवलि करे जौ इन नि हो कि वेका चेला ऐ के वेका देह तैं चुरैके लिजौंणु अर लुखुं मा बुल्ण लगि जौनु कि उ मुर्दों मा बट्टी ज्यूँदो हवे गै तब पिछला धोका पैली बट्टी भि बुरो होलो।”
65
पिलातुस ल ऊंमा बोलि, “तुम कुछ पैहरदार या सैनिक ले जावा अर जथगा त्वे बट्टी संभव हो उथग कब्र की रखवलि कैरा।”
66
इलै उ जै कै कब्र पर अपड़ा निशान का दगड़ी प्रवेश द्वार तैं बंद कैरी के सुरक्षित बणै द्या कि कुई भि वे तैं अपड़ा जगह बट्टी हाटै नि सको।
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